इस्लामी इन्क़ेलाब के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनई ने संविधान की धारा 110 के तहत, सातवें प्लान की जनरल पॉलिसियों को मुल्क के तीनों अहम इदारों के प्रमुखों, एक्सपर्टस की कोंसिल की चीफ़ और आर्मी चीफ़ को भेज दी हैं। इन पॉलिसियों में इंसाफ़ के साथ इकॉनोमी तरक़्क़ी को तरजीह दी गयी है।
सुप्रीम लीडर ने इन पॉलिसियों की तैयारी के लिए नज़रियात को पेश करने और तीनों अहम इदारों के एक्टिव कोआपरेशन के लिए नेशनल इन्टेरेस्ट एक्सपर्ट्स कौंसिल के मेंबरों और उसके सेक्रेटेरियट की कोशिशों पर उनका शुक्रिया अदा किया और इन पॉलिसियों की बुनियाद पर सातवें नेशनल प्लान की तैयारी को, इस्लामी हुकूमत के मक़सदों को पूरा करने की राह में एक बड़ा क़दम बताया और इन पॉलिसियों को सही तौर पर लागू करने की निगरानी पर ज़ोर दिया।
सातवें प्लान की जनरल पॉलिसियों को सात हेडिंग्स के तहत 26 पैराग्राफ़्रों में तैयार किया है। यह सात हेडिंग्स, इकॉनोमिक्स, बुनियादी ढांचा, कल्चर व सोसायटी, सांइस, टेक्नालॉजी व एजूकेशन, पॉलिटिक्स, एक्सटर्नल अफ़ेयर्स, डिफ़ेंस और सिक्योरिटी, एडमिनिस्ट्रेशन, क़ानून और जूडिशरी हैं।
सुप्रीम लीडर के ख़त और सातवें पांच साल का प्लान यह हैः
बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम
सातवें प्लान की जनरल पॉलिसियों को जो इंसाफ़ के साथ इकॉनोमिक तरक़्क़ी को तरजीह के साथ तैयार की गयी हैं, भेजा जा रहा हैः
इस्लामी हुकूमत की नेशनल इन्ट्रेस्ट कोंसिल के मेंबरों ख़ास तौर पर इस कोंसिल के हेड, और इसी तरह उसके सेक्रेटेरियट का शुक्रिया अदा करता हूं जिन्होंने पार्लिमेंट, कोंसिल और उसके कमीशनों में कम वक़्त में ज़्यादा मेहनत करके सातवें प्लान की पॉलिसियों के ड्राफ्ट का जायज़ा लिया और सिलसिले में अपनी राय मेरे सामने पेश की।
हुकूमत, पार्लिमेंट, जूडिशरी और दूसरे इदारों के अच्छे कोआपरेशन की भी तारीफ़ की जानी चाहिए।
इन पॉलिसियों की बुनियाद पर क़ानून बनाना और उसे मंज़ूर करना और फिर ज़िम्मेदारी के साथ उस क़ानून को सही तौर पर लागू करना, इस्लामी जुम्हूरिया के पाकीज़ा सिस्टम के मक़सद की राह में एक और क़दम होगा इसी तरह, नेशनल इन्ट्रेस्ट कौंसिल की कमेटियों की तरफ़ से निगरानी, सातवें प्लान की जनरल पॉलिसियों को सही तौर पर लागू करने के काम में मदद करेगी।
बेहतर होगा कि हुकूमत इन पॉलिसियों को लागू करने के लिए ज़रूरी कुछ काम और बजट इसी तरह जो चीज़ें कौंसिल के प्रपोज़ल में हैं लेकिन भेजी जाने वाली पॉलिसियों में उनका ज़िक्र नहीं है, उन पर ध्यान दे और जहां तक हो सके बिल की तैयारी में सरकारी सहूलतों का इंतेज़ाम करे।
सैयद अली ख़ामेनई
बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम
सातवें प्लान की जनरल पॉलिसियां
इकॉनोमिक्स
1-सातवें प्लान का जनरल मक़सद और अस्ल तरजीह, मंज़ूर होने वाली पॉलिसियों को ध्यान में रखते हुए इंसाफ़ के साथ इकॉनोमिक तरक़्क़ी है और पूरे प्लान के दौरान औसतन 8 फीसद इकॉनोमिक तरक़्क़ी होना चाहिए और इसके लिए पैदावार के लिए ज़रूरी सभी चीज़ों से फ़ायदा उठाया जाना चाहिए। ( मैन पॉवर, बजट , तकनीक और मैनेजमेंट)
2-क़ीमतों और फॉरेन करेंसी को स्टेबल करना और अगले 5 बरसों में इन्फ्लेशन और महंगाई को एक डिजिट तक पहुंचाया जाए और लिक्विडेटी और बैंक क्रेडिट को पैदावार की तरफ़ ले जाया जाए और पैदावार से हट कर दूसरे मैदानों में दिलचस्पी कम की जाए।
3- सरकारी बजट के ढांचे को इस तरीक़े से सुधारा जाएः
- क़र्ज़ों का हिसाब किया जाए, उनमें ट्रांसपेरेंसी लायी जाए और अदा किया जाए, सरकार अपने क़र्ज़े अदा करे और क़र्ज़ों की अदाएगी को प्लान के साथ आगे बढ़ाए।
- सरकारी रिसोर्सेस को सच्चाई से क़रीब करे, सरकारी ख़र्चों को मैनेज करे और बजट में घाटे से बचा जाए।
- प्राइवेट सेक्टर और गैर सरकारी कंपनियों की मदद ले कर आधे अधूरे फ़ायदेमंद प्रोजेक्टस को पूरा किया जाए।
- तेल कंपनी और दूसरी सरकारी कंपनियों की आमदनी और ख़र्चों को बजट में ट्रांसपेरेंसी लायी जाए और उनके लिए क़ानून बनाया जाए
4- सरकार के कंरट बजट के लिए टैक्स को असल रिसोर्स बना कर मुल्क के टैक्स सिस्टम में बदलाव लाया जाए, टैक्स की नयी बुनियादें बनायी जाएं, टैक्स चोरी रोका जाए और पैदावार में तरक़्क़ी और टैक्स में इसांफ़ को मद्देनज़र रखते हुए इकॉनोमी में टैक्स के ख़ास रोल को मज़बूत किया जाए।
5- इंसाफ के साथ सर्विसेज़ देने के लिए बुनियादी, ज़्यादा और सप्लिमेंटरी इंश्योरेंस की बुनियाद पर कंप्रिहेंसिव सोशल सिक्योरिटी का मज़बूत सिस्टम बनाया जाए।
बुनियादी ढांचा
6- फ़ूड सिक्योरेटी यक़ीनी बनाए जाए और बुनियादी और खानी पीनने की कम से कम 90 फ़ीसद चीज़ें मुल्क के अंदर पैदा की जाएं, इसके साथ ही जेनेटिक और वॉटर रिसोर्सेस में बेहतरी लायी जाए और हेल्थ और खाने पीने की चीज़ों के महफ़ूज़ बनाया जाए।
इलाक़े की गुंजाइशों और वॉटर रिसोर्सेस पर ध्यान देते हुए खेती बाड़ी के मॉडल को बेहतर बनाया जाए और इसके साथ स्ट्रेटजिक एग्री कल्चरल चीज़ों की खेती को तरजीह दी जाए।
7- मुल्क में वॉटर रिसोर्से मैनेजमेंट के लिए नेशनल सिस्टम बनाया जाए और खेती के लिए इस्तेमाल होने वाले पानी को 5 फ़ीसद ज़्यादा इस्तेमाल किया जाए।
ज़मीन के ऊपर मौजूद वॉटर रिसोर्सेस का इंतेज़ाम और मैनेजमेंट और ज़मीन के नीचे मौजूद वॉटर रिसोर्सेस को वॉटर शेड और एक्फर मैनेमेंट के ज़रिए बढ़ाया जाए।
8- कॉमन ऑयल और गैस फील्ड में जितना ज़्यादा हो सके पैदावार बढ़ायी जाए। अपने इंडिपेंडेंट ऑयल और गैस फील्ड से फ़ायदा उठाने के अमल में तेज़ी लायी जाए।
ऑयल और गैस इन्डस्ट्री के प्रोडक्शन चैन पूरी करके उसकी एडेड वैल्यू बढ़ायी जाए।
9- फ़्यूचर पर नज़र के साथ, नये हालात के मुताबिक़, कई बुनियादी, मार्डन, बड़े नेशनल प्रोजेक्ट पर काम किया जाए।
10- जियोपॉलिटिकल गुंजाइशों को इस्तेमाल किया जाए और क़ानूनों को आसान और ज़रूरी इंफ्रास्ट्रक्चर बना कर इस्लामी जुम्हूरी ईरान को ट्रेंडिंग, एनर्जी, कम्यूनिकेशन और ट्रांस्पोर्टेशन का सेन्टर बना दिया जाए।
11- मौजूदा और आगे की गुंजाइशों पर ध्यान देते हुए लैंड यूज़ प्लानिंग की जनरल पॉलिसियों को लागू किया जाए और समुद्र, समुद्र के किनारों, बंदरगाहों और सरहदी पानियों को मद्दे नज़र रखते हुए इन पॉलिसियों के अहम हिस्सों पर अमल किया जाए।
12- हेल्थ जनरल पॉलिसियों की नियाद पर हेल्थ सिस्टम को बेहतर बनाया जाए।
कल्चर व सोसायटी
13- इस्लामी ईरानी लाइफ़ स्टाइल को मज़बूत बनाने के लिए जनरल कल्चर को बेहतर बनाया जाए, नेशनल युनिटी और सेल्फ़ कांफिडेंस को मज़बूत बनाया जाए, क़ौमी पहचान और डटे रहने के जज़्बे को मज़बूत किया जाए, मुल्क, इदारों, गर्वमेंट और पब्लिक सेक्टर, सांइस व सोसायटी के मैदान में असरदार हस्तियों की मदद और गुंजाइशों को इस्तेमाल करते हुए समाज में काम व मेहनत को आम किया जाए और सरकार इस काम में साथ दे।
14- इस्लामी व ईरानी कल्चर को फैलाने और गहराई तक ले जाने और दुश्मनों की ओर से जारी साइकोलॉजिकल व कल्चरल जंग से असरदार मुक़ाबले के लिए नेशनल मीडिया के असर और ताक़त को बढ़ाया जाए।
15- घर परिवार को मज़बूत बनाया जाए और औरतों की तरक़्क़ी की राह में रुकावटों को दूर किया जाए।
16- बच्चे पैदा करने का हर तरह से फ़ेवर करके, रुकावटों को दूर करके, असरदार इनाम देकर और कल्चरल सुधार लाकर अगले पांच बरसों में बर्थ रेट को कम से कम ढाई गुना बढ़ाया जाए।
17- टूरिज़्म को बढ़ाया जाए और हैंडी क्राफ्ट का चलन आम किया जाए
18- सोशल हेल्थ को बेहतर बनाया जाए और समाजी नुक़सानों को रोका और कम किया जाए ख़ास तौर पर नशे की लत, झोपड़ी झुग्गी की बस्तियों, तलाक़, करप्शन को भरोसेमंद इंडीकेटरों की बुनियाद पर सही टाइम टेबल के तहत और लोगों की मदद से ख़त्म और कम किया जाए।
सांइस, टेक्नालॉजी व एजूकेशन
19- नेशनल इन्फार्मेशन नेटवर्क को पूरा करके और फैला कर, मालूमात देकर और सही सर्विसेस के ज़रिए साइबर स्पेस में नेशनल सावरेंटी, और इस्लामी व ईरानी वैल्यूज़ की हिफ़ाज़त की जाए और साइबर पॉवर को दुनिया की बड़ी ताक़तों के बराबर पहुंचाया जाए और इसके साथ ही मुल्क में डेटा के बुनियादी ढांचे को ज़्यादा मज़बूत और महफ़ूज़ बनाया जाए।
20- सांइस व टेक्नॉलोजी के मैदान में तरक़्क़ी की रफ़्तार तेज़ की जाए और उसे कमर्शियल किया जाए ख़ास तौर पर इन्फार्मेशन और कम्यूनिकेशन, बायो टेक्नॉलोजी, माइक्रो टेक्नॉलोजी और नयी व रिन्यूवेबल एनर्जी के मैदान में।
मुल्क के एजूकेशन और रिसर्च सिस्टम को अपडेट किया जाए और बेहतर बनाया जाए।
पॉलिटिक्स, एक्सटर्नल अफ़ेयर्स
21- डिप्लोमेसी के इदारे में काम करने वालों में इन्क़ेलाब व वैल्यू के लिहाज़ से बदलाव लाकर सरकारी डिप्लोमेसी को एक्टिव और मौक़े पर क़दम उठाने वाला बनाया जाए और फॉरेन अफेयर्स के ज़िम्मेदार इदारों के बीच असरदार कोआपरेशन हो।
22- फॉरेन पॉलिसी, रिजनल और इन्टरनेशनल रिलेशन्स में इकॉनोमी पर ध्यान और पड़ोसियों को तरजीह के साथ इकॉनोमिक रिलेशन्स को मज़बूत बनाया जाए।
डिफ़ेंस और सिक्योरिटी
23- बजट में कम से कम 5 फीसद की मदद से तरजीही सर्विसेस, ज़रूरी सामान, सिस्टम्स में मुल्क को अपने पैरों पर खड़ा करने और डेटेरेंस में बेहतरी, और डिफेंस की फील्ड में ज़रूरी और मुल्क को ताक़तवर बनाने वाली तकनीक हासिल करने के लिए डिफेंस की बुनियादों को मज़बूत किया जाए।
24- पेसिव डिफेंस पर ज़ोर देने के साथ ख़तरों ख़ास तौर पर साइबर, बायोलॉजिक, केमिकल और लेज़र ख़तरों के सामने डट जाने की ताक़त बढ़ाने और ख़ुद को बचाने के लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर को मज़बूत किया जाए और इदारों और मैकानिज़्म को बेहतर बनाया जाए।
एडमिनिस्ट्रेशन, क़ानून और जूडिशरी
25- ई गवर्नेस और स्मार्ट सिस्टम पर बल के साथ एडमिनिस्ट्रेशन की जनरल पॉलिसियों की बुनियाद पर एडमिनिस्ट्रेशन सिस्टम में बदलाव और उसके ढांचे में सुधार और ग़ैर ज़रूरी और एक ही तरह के कई इदारों को ख़त्म किया जाए, क़ानूनों को अपडेट किया जाए, तरीक़े में सुधार लाया जाए और दफ़्तरी कामों में करप्शन और उसके माहौल को ख़त्म किया जाए जाए।
26- जूडिशरी में बदलाव के दस्तावेज़ को अपडेट किया जाए और उस पर अमल किया जाए इन बातों पर ज़ोर देते हुएः
-जुर्म और झगड़े को पहले ही रोक दिया जाए
-जूडिशियल सर्विसेस के लिए नयी तकनीक का इस्तेमाल और इस सिस्टम को स्मार्ट बनाया जाए।
- ज़मीनों की हद और बार्डर के साथ रजिस्ट्रेशन के क़ानून को सौ फ़ीसद लागू किया जाए
- इन्वेस्टमेंट, इकॉनोमिक सिक्योरेटी के लिए क़ानून बनाया जाए और जूडिशरी की तरफ़ से मदद दी जाए और तेजारत का माहौल बेहतर बनाया जाए।
-झगड़ों के निपटारे के लिए जूडिशरी से बाहर के तरीक़ों को ज़्यादा अपनाया जाए और आम लोगों के रोल को मज़बूत किया जाए
- सरकारी बजट में जूडिशरी के हिस्से को मज़बूत और ज़्यादा किया जाए और जूडिशरी की बजट और मैन पावर की ज़रूरतों को पूरा किया जाए।
- जूडिशरी में काम करने वालों की मालूमात और रवैये को बेहतर बनाया जाए।
- जुर्म और जेल की सज़ा को कम करने के लिए क़ानूनों का जायज़ा लिया जाए।